Wed. Dec 1st, 2021

poem

pexels-photo-40525-1 Mulakate 1 min read
आज फिर उनसे मुलाकात हुई , इतने समय की दुरी के बाद , दिलो की कुछ गुफ्तगू हुई ! वह आई थी अपनी मलिकाए पोशाक... Read More
कुछ अलग सा लगने लगा हु खुद को आजकल, जाने ऐसा क्या है जो खुद मन को भाता नहीं। माना कुछ हुआ है, पर क्या... Read More
bg Aangan 1 min read
आँगन।। वो कुछ यादें दिल में यु आती है, पलकों पे बस ख्वाब छोड़ जाती है, आँखें ख्वाबो में यु ही खो जाती है, बिन... Read More